J K Rowling Biography In Hindi | Harry Potter

0

J K Rowling Biography In Hindi | Harry Potter :-

Harry Potter fantasy series Writer "J K Rowling Biography in Hindi" | Success Story | British novelist

J K Rowling Biography in Hindi | Harry Potter

दोस्तों ! हैरी पॉटर सीरीज की फिल्म्स तो आप सभी को याद होंगी जिसकी स्टोरी और इमेजिनेशन इतना बढ़िया है कि कोई भी हैरी पॉटर के उस जादूगरी और तंत्र-मंत्र वाले स्कूल हॉग्वार्ट्स में एक बार तो जरूर जाना चाहेगा |

तो दोस्तों ! आज हम बताने जा रहे हैं, हैरी पॉटर नॉवेल सीरीज की राइटर “जे के रोलिंग’ के बारे में, जिनकी 7 हैरी पॉटर बुक्स पर कुल 8 फिल्म्स बनायीं जा चुकी हैं |

जे. के. रोलिंग’ एक ब्रिटिश नॉवेलिस्ट और स्क्रीनराइटर हैं उनका पूरा नाम जोन कैथलीन रोलिंग है, वो जॉन मुर्रे नाम से भी जानी जाती हैं | जे के रोलिंग आज वर्ल्ड की सबसे फेमस राइटर्स में से एक हैं और उनका लिखा हैरी पॉटर नॉवेल 20th सेंचुरी का सबसे फेमस नॉवेल है।

हैरी पॉटर सीरीज की बुक्स ने कई अवार्ड्स जीते हैं और इनकी 400 मिलियन से भी ज्यादा कॉपीज बिक चुकी हैं ये दुनिया की दूसरी बेस्ट-सेलिंग बुक्स हैं |


रोलिंग का जन्म 31 जुलाई 1965 को यॉट, ग्लौस्टरशायर, इंग्लैंड में हुआ था | उनके पिता पीटर जेम्स रोलिंग ‘रोल्स-रॉयस’ नाम की कंपनी में एयरक्राफ्ट इंजीनियर थे, और माँ एनी राउलिंग एक साइंस टेकनीशियन थीं |

जब रॉलिंग चार साल की थीं तो उनका परिवार पास ही के एक गाँव विंटरबॉर्न में रहने चला गया । वहां उन्होंने सेंट माइकल प्राइमरी स्कूल में पढाई की | इसी स्कूल के हेडमास्टर ‘अल्फ्रेड डन’ को ध्यान में रखकर उन्होंने हैरी पॉटर के हेडमास्टर ‘अल्बस डंबलडोर’ का किरदार लिखा |

इस समय वे फेंटेसी कहानियां लिखतीं थीं और अपनी बहन को पढ़ाती थीं। उन्होंने ‘वाईडेन स्कूल एंड कॉलेज’ में सेकेंडरी स्कूल की पढाई की | टीनएज में रोलिंग की एक आंटी ने उन्हें ‘जेसिका मिट्टफोर्ड’ की ऑटोबायोग्राफी ‘ होन्स एंड रीबल्स’ पढने को दी। इसके बाद ‘मिटफोर्ड’ राउलिंग की हीरोइन बन गई और उन्होंने इनकी सारी किताबें पढ़ीं।

1982 में, राउलिंग ने ऑक्सफ़ोर्ड यूनिवर्सिटी में पढने के लिए एंट्रेंस एक्साम्स दिए लेकिन उन्हें एडमिशन नहीं मिला तब मजबूरन उन्हें एक्सीटर यूनिवर्सिटी से फ्रेंच और क्लासिक्स में बीए करना पड़ा। अपनी पढाई के सिलसिले में वें कुछ समय पेरिस में भी रही | 1986 में रोलिंग एक्सेटर से ग्रेजुएट हुईं और एमनेस्टी इंटरनेशनल नाम कि एक कंपनी के लिए रिसर्चर और बिलिंगुअल सेक्रेटरी का काम करने लंदन चली गयी ।

1990 में, रोलिंग ने मैनचेस्टर में रहने का फैसला किया जहां उन्होंने चैंबर ऑफ कॉमर्स में काम किया। जब वह मैनचेस्टर से लन्दन आने के लिए ट्रेन से सफ़र कर रही थीं तो उनके मन में, जादूगरी के स्कूल में पढने वाले एक यंग बॉय (हैरी पॉटर) की कहानी पूरी तरह से गढ़ चुकी थीफिर जैसे ही वो लन्दन के अपने फ्लैट पर पहुंची तो उन्होंने तुरंत लिखना शुरू कर दिया।

उसी साल, उनकी मां ऐनी चल बसीं | राउलिंग उस समय हैरी पॉटर लिख रही थी लेकिन अपनी मां को इसके बारे में कभी नहीं बताया था। मां की अचानक मौत से रोलिंग के लेखन पर बहुत ज्यादा प्रभाव पड़ा इसलिए उन्होंने अपनी पहली बुक में हैरी की फीलिंग्स हर्ट होने के बारे में काफी डिटेल से लिखा है | रोलिंग अपने दर्द को छिपाने के लिए लिखने में डूब गयी। इस समय हैरी पॉटर के मेहनती करैक्टर “हैर्मिओनी” का जन्म हुआ।

अब रोलींग जॉब की तलाश में थीं तभी उन्होंने ब्रिटिश न्यूज़ पेपर ‘द गार्जियन’ में, पुर्तगाल में इंग्लिश लैंग्वेज पढ़ाने की एक जॉब का advertisement देखा और पोर्टो, पुर्तगाल में रहने चली गयीं| वहां वे रात को पढाया करती थीं और दिन में लिखा करती थीं | 18 महीने बाद वे एक पुर्तगाली टेलीविज़न जर्नालिस्ट ‘जॉर्ज आरेंट्स’ (Jorge Arantes) से मिलीं, दोनों के विचार आपस में मिलते-जुलते थे |

16 अक्टूबर 1992 को रोलिंग ने जॉर्ज अरेंट्स शादी कर ली और 27 जुलाई 1993 को उनकी बेटी जेसिका इजाबेल का जन्म हुआ लेकिन डोमेस्टिक एब्यूज (घरेलु दुर्व्यवहार) से परेशान होकर रोलिंग 17 नवंबर 1993 को जॉर्ज से अलग हो गयीं |

इसके बाद, रोलिंग अपनी छोटी बच्ची के साथ एडिनबर्ग, स्कॉटलैंड अपनी बहन के पास रहने चली गई, अब तक वो हैरी पॉटर के तीन चैप्टर लिख चुकी थी |

ये टाइम रोलिंग के लिए काफी दुखभरा था, उनकी शादी असफल हो चुकी थी, एक बच्चे की जिम्मेदारी उनके ऊपर थी और उनके पास कोई काम भी नहीं था इस समय वो इतनी डीप्रेस थीं की सुसाइड तक कर सकती थीं लेकिन हिम्मत न हारते हुए उन्होंने केवल अपने लेखन पर ध्यान दिया | इस समय हैरी पॉटर के soul-sucking क्रिएचेर्स ने जन्म लिया |

अपना और अपनी बेटी का खर्च उठाने के लिए रोलिंग ने वेलफेयर बेनेफिट्स का फॉर्म भरा (इसके तहत ब्रिटिश सरकार गरीब और सिंगल पेरेंट्स को लिविंग के लिए पैसे देती है) और उन्हें घर चलाने के लिए सरकार की तरफ से पैसे मिलने लगे |

1995 में, रोलिंग ने एक पुराने मैनुअल टाइपराइटर पर अपनी पहली बुक “हैरी पॉटर एंड द फिलोसोफ़र स्टोन” की मैनुस्क्रिप्ट पूरी की लेकिन पब्लिश करने के लिए इस किताब को 12 पब्लिशिंग हाउसेस ने रिजेक्ट कर दिया फिर एक साल बाद लंदन के एक पब्लिशिंग हाउस ‘ब्लूम्सबरी’ के एडिटर ‘बैरी कनिंघम’ आखिरकार किताब पब्लिश करने के लिए तैयार हुए और 1,500 पौंड का एडवांस भी दिया लेकिन कनिंघम को लगता था कि बच्चों की किताबों से वो ज्यादा पैसा नहीं कमा सकती इसलिए उन्होंने रोव्लिंग को जॉब करने की सलाह दी |

इसके बाद 1997 में, रोलिंग को स्कॉटिश आर्ट्स काउंसिल से एक 8,000 पौंड दिए गए ताकि वो अपनी राइटिंग जारी रख सकें |

26 जून 1997 को, ब्लूमस्बरी पब्लिशिंग हाउस ने फिलॉसॉफ़र स्टोन की 1,000 कॉपियां पब्लिश कीं, जिनमें से 500 लाइब्रेरीज में बांटी गयी। आज, ऐसी कापियां 16,000 से लेके 25,000 पौंड की मिलती हैं |

पांच महीने बाद, इस बुक को ‘नेस्ले स्मार्टिज बुक अवार्ड’ और ‘ब्रिटिश बुक अवार्ड’ का ‘चिल्ड्रेन्स बुक ऑफ़ द ईयर’ अवार्ड मिला |

1998 में, यूएस में इस नॉवेल को पब्लिश करने के लिए स्कॉल्स्टिक इंक  (Scholastic Inc) ने इसके राइट्स 105,000 डालर में ख़रीदे तब तो रोव्लिंग को विश्वास ही नहीं हुआ | यूएस में भी यह बुक बहुत पोपुलर हुई |

इसका सीक्वल “हैरी पॉटर एंड द चैंबर ऑफ सीक्रेट्स” 2 जुलाई 1998 को पब्लिश हुआ और फिर रालिंग ने स्मार्टइज़ प्राइज जीता।  

8 जुलाई 1999 में, तीसरा नॉवेल ‘हैरी पॉटर एंड प्रिजनर ऑफ़ अज़कबन” रिलीज हुआ इस ने तीसरी बार भी स्मार्टीइज अवार्ड जीता।

उनके चौथे नॉवेल “हैरी पॉटर एंड द गॉलेट ऑफ फायर”  को एक साथ ब्रिटेन और अमेरिका में 8 जुलाई 2000 को लांच किया गया इसने दोनों देशों में बिक्री का रिकॉर्ड तोड़ दिया, किताब की 372,775 कॉपीयां यूके में पहले दिन ही बेची गई और अमेरिका में किताब ने अपने पहले 48 घंटों में तीन लाख कॉपीयां बेचीं | 2000 के ब्रिटिश बुक अवार्ड्स में रोलिंग को ‘ऑथर ऑफ़ द इयर’ नोमिनेट किया गया |

2001 में रोलिंग ने “नील मूरे”( Neil Murray) नाम के एक डॉक्टर से दूसरी शादी की | 24 मार्च 2003 को उनका बेटा “डेविड गॉर्डन राउलिंग मूरे” पैदा हुआ ।

पांचवी हैरी पॉटर नॉवेल “हैरी पॉटर और ऑर्डर ऑफ़ द फीनिक्स” 21 जून 2003 को रिलीज हुई |

2004 में फोर्ब्स ने रोलिंग को किताबें लिखकर अरबपती बनने वाली पहली लेखक और वर्ल्ड की दूसरी सबसे अमीर फीमेल-एंटरटेनर बताया |

रॉलिंग की सबसे छोटी बेटी “मैकेन्ज़ी जीन राउलिंग मूरे” का जन्म 23 जनवरी 2005 को हुआ।

छठी किताब “हैरी पॉटर एंड द हाफ-ब्लड प्रिंस” 16 जुलाई 2005 को रिलीज़ की गयी थी, इसके रिलीज होने के पहले 24 घंटों में 9 मिलियन कापियां बिकने से सारे सेल्स रिकॉर्ड टूट गए | 2006 में, हाफ-ब्लड प्रिंस को ब्रिटिश बुक अवार्ड्स में “बुक ऑफ द ईयर” का अवार्ड मिला।

“हैरी पॉटर और द डेथली हैलोज़” के रूप में 21 जुलाई 2007 को सातवीं और आखिरी हैरी पॉटर की किताब रिलीज़ की गयी यह सारे रिकार्ड्स तोड़ते हुए best-selling बुक्स आल द टाइम बन गयी |  यू के और यू एस में रिलीज़ होने के पहले दिन में ही इसकी 11 मिलियन कापियां बिक गयीं |

आज हैरी पॉटर लगभग 15 अरब यूएस डॉलर का एक ग्लोबल ब्रांड है और पिछली चार हैरी पॉटर बुक्स इतिहास में लगातार सबसे तेजी से बिकने वाली बुक्स(fast-selling books of history) होने का रिकॉर्ड रखती हैं। ये बुक्स दुनियाभर की 65 भाषाओं में ट्रांसलेट की गई हैं |

फरवरी 2013 में, बीबीसी रेडियो 4 पर उन्हें यूनाइटेड किंगडम की 13 वीं सबसे शक्तिशाली महिला(13th most powerful woman) बताया गया |

2016 में, ‘संडे टाइम्स रिच लिस्ट’ ने रोलिंग को 600 मिलियन पौंड की संपत्ति के साथ उन्हें ब्रिटेन का 197 वां सबसे अमीर व्यक्ति बताया ।

हैरी पॉटर के अलावा जे के रोलिंग ने कई बुक्स लिखीं हैं, जैसे- “द कैजुअल वेकेंसी” (2012) ; रोलिंग, “रोबर्ट गालब्रेथ” नाम से भी लिखती हैं (यह नाम ऐसे रीडर्स के लिए रखा जो महिला राइटर की बुक्स नहीं पढ़ते) इस नाम से उन्होंने “कुकूज कॉलिंग” (2013), “द सिल्कवोर्म” (2014) और “कैरियर ऑफ ईविल” (2015) जैसे बहुत-सी बुक्स लिखीं |

1998 में, वार्नर ब्रदर्स ने पहले दो नोवेल्स के लिए फिल्म के राइट्स खरीदे फिर एक के बाद एक इन पर फिल्म्स बनती चलीं गयीं:

हैरी पॉटर एंड द फिलोसोफ़र स्टोन (16 नवंबर 2001)

हैरी पॉटर एंड द चैंबर ऑफ़ सीक्रेट्स (15 नवंबर 2002)

हैरी पॉटर एंड प्रिजनर ऑफ़ अज़काबन (4 जून 2004)

हैरी पॉटर एंड द गॉलेट ऑफ फायर (18 नवंबर 2005)

हैरी पॉटर एंड आर्डर ऑफ़ द फोनिक्स (11 जुलाई 2007)

हैरी पॉटर और हाफ-ब्लड प्रिंस (15 जुलाई 2009)

हैरी पॉटर और द डेथली हैलोज़-I & II (19 नवंबर 2010 & 15 जुलाई 2011)

इन सभी फिल्मों ने दुनियाभर में धूम मचा दी |

J K Rowling Biography In Hindi (Video) :-

Share.

Leave A Reply